BIZ DESK

भारतीय शेयर बाजारों में पिछले तीन दिनों से जारी तेजी पर गुरुवार को ब्रेक लग गया। निवेशकों द्वारा ऊंचे स्तरों पर मुनाफावसूली (Profit Booking) और रिजर्व बैंक (RBI) की मौद्रिक नीति घोषणा से पहले बढ़ती सतर्कता के कारण बाजार लाल निशान में बंद हुए। बीएसई सेंसेक्स 503.76 अंक (0.60%) गिरकर 83,313.93 पर बंद हुआ, जबकि एनएसई निफ्टी 133.20 अंक (0.52%) की गिरावट के साथ 25,642.80 के स्तर पर आ गया।

बाजार में बिकवाली का सबसे ज्यादा असर स्मॉलकैप और मेटल सेक्टर के शेयरों में देखने को मिला। बाजार का रुझान नकारात्मक रहा, जहां बीएसई पर गिरने वाले शेयरों की संख्या (2,447) बढ़ने वाले शेयरों (1,737) से कहीं अधिक रही।

सेक्टरवार प्रदर्शन और प्रमुख हलचल

निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स गुरुवार को सबसे खराब प्रदर्शन करने वाला रहा, जो 1.29% टूटकर 16,983.90 पर बंद हुआ। मिडकैप इंडेक्स में भी 0.28% की गिरावट दर्ज की गई।

सेक्टर/कैटेगरीप्रदर्शनमुख्य बिंदु
मेटल📉 टॉप लूजरहिंडाल्को (-3.00%) में सबसे बड़ी गिरावट
बैंकिंग📉 0.29% नीचेनिफ्टी बैंक 60,063.65 पर बंद
स्मॉलकैप📉 1.29% नीचेफ्रंटलाइन इंडेक्स के मुकाबले भारी गिरावट
टॉप गेनर📈 ट्रेंट (Trent)2.98% की बढ़त के साथ ₹4,132 पर

सेक्टरवार गिरावट के बावजूद रिटेल सेक्टर की दिग्गज कंपनी ट्रेंट और मैक्स हेल्थकेयर ने मजबूती दिखाई। स्टील शेयरों में टाटा स्टील और JSW स्टील ने भी 1% से अधिक की बढ़त दर्ज की। दूसरी ओर, हिंडाल्को, भारती एयरटेल और आईटीसी जैसे शेयरों ने इंडेक्स पर दबाव बनाया।

वैश्विक संकेत और कमोडिटी बाजार

विदेशी मुद्रा बाजार में भारतीय रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 20 पैसे मजबूत होकर 90.30 के करीब बंद हुआ। डॉलर की कमजोरी और कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट ने रुपए को सहारा दिया।

कमोडिटी बाजार में WTI क्रूड ऑयल में 2% से ज्यादा की गिरावट आई और यह 64 डॉलर प्रति बैरल के नीचे फिसल गया। अमेरिका और ईरान के बीच ओमान में वार्ता फिर से शुरू होने की खबरों ने तेल की कीमतों पर दबाव डाला। वहीं, सोने और चांदी की कीमतों में भी उतार-चढ़ाव जारी रहा।

आगे की राह: कल RBI पर नजर

बाजार के जानकारों का मानना है कि निफ्टी अभी कंसोलिडेशन के दौर में है। शुक्रवार को होने वाली RBI की एमपीसी (MPC) बैठक के नतीजे बाजार की अगली दिशा तय करेंगे। तकनीकी विश्लेषकों के अनुसार, जब तक निफ्टी 25,400 के ऊपर बना हुआ है, तब तक “Buy on Dips” (गिरावट पर खरीदारी) की रणनीति अपनाई जा सकती है, जिसमें 26,000 का लक्ष्य देखा जा सकता है।