Last Updated on July 10, 2026 11:11 pm by BIZNAMA NEWS

हमारे संवाददाता

घरेलू शेयर बाजार ने शुक्रवार को लगातार दूसरे कारोबारी सत्र में मजबूत बढ़त दर्ज की। सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी), बैंकिंग और वित्तीय शेयरों में व्यापक खरीदारी के दम पर प्रमुख सूचकांक एक प्रतिशत से अधिक चढ़कर बंद हुए। टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस) के जून तिमाही के अपेक्षा से बेहतर नतीजों, पश्चिम एशिया में भू-राजनीतिक तनाव कम होने के संकेत तथा सकारात्मक वैश्विक संकेतों ने निवेशकों का भरोसा बढ़ाया।

बीएसई सेंसेक्स 827.57 अंक यानी 1.08 प्रतिशत की छलांग लगाकर 77,569.39 पर बंद हुआ, जबकि एनएसई निफ्टी-50 244.10 अंक यानी 1.02 प्रतिशत बढ़कर 24,206.90 पर पहुंच गया। पिछले दो कारोबारी सत्रों में सेंसेक्स 1.35 प्रतिशत और निफ्टी 1.33 प्रतिशत मजबूत हुआ है।

व्यापक बाजार में भी खरीदारी का माहौल रहा। बीएसई मिडकैप सूचकांक 1.40 प्रतिशत और स्मॉलकैप सूचकांक 1.20 प्रतिशत चढ़कर बंद हुए, जिससे निवेशकों की जोखिम लेने की क्षमता में सुधार का संकेत मिला।

एनएसई पर बाजार की चौड़ाई भी मजबूत रही। कुल 2,339 शेयरों में बढ़त, 973 शेयरों में गिरावट रही, जबकि 98 शेयरों में कोई बदलाव नहीं हुआ।

बाजार में तेजी को कच्चे तेल की कीमतों में नरमी, रुपये की मजबूती और अस्थिरता सूचकांक इंडिया वीआईएक्स में 8.30 प्रतिशत की गिरावट से भी समर्थन मिला। वीआईएक्स घटकर 12.25 पर आ गया, जो निकट भविष्य में बाजार की कम होती अनिश्चितता का संकेत है।

आईटी और बैंकिंग शेयरों ने संभाली कमान

टीसीएस के उम्मीद से बेहतर तिमाही परिणाम और मांग में सुधार के संकेतों के बाद आईटी शेयरों में जोरदार खरीदारी देखने को मिली। सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के मजबूत तिमाही नतीजों ने बैंकिंग शेयरों में भी तेजी बनाए रखी।

भारीभरकम शेयरों में रिलायंस इंडस्ट्रीज 2.36 प्रतिशत, आईसीआईसीआई बैंक 1.48 प्रतिशत और एचडीएफसी बैंक 0.85 प्रतिशत चढ़े, जिससे निफ्टी और सेंसेक्स को मजबूत समर्थन मिला।

प्रमुख बढ़त वाले शेयर

दिन के कारोबार में आयन एक्सचेंज इंडिया 17.38 प्रतिशत उछल गया। कंपनी को मध्य-पूर्व में परियोजना के लिए लगभग 503 करोड़ रुपये का अंतरराष्ट्रीय ऑर्डर मिला है।

मुथूट माइक्रोफिन 13.19 प्रतिशत की तेजी के साथ बंद हुआ, जबकि इंडियन बैंक पहली तिमाही के शुद्ध लाभ में 10.1 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज करने के बाद 10.11 प्रतिशत चढ़ गया।

इसके अलावा सीन्सिस टेक 3.66 प्रतिशत, अपोलो माइक्रो सिस्टम्स 2.57 प्रतिशत, बैंक ऑफ महाराष्ट्र 2.43 प्रतिशत, रेलटेल कॉरपोरेशन 2.31 प्रतिशत, आनंद राठी वेल्थ 2.12 प्रतिशत तथा एचएफसीएल 0.57 प्रतिशत की बढ़त के साथ बंद हुए।

प्रमुख गिरावट वाले शेयर

गिरावट वाले शेयरों में प्रीमियर एक्सप्लोसिव्स 3.92 प्रतिशत लुढ़क गया, क्योंकि उसके प्रवर्तकों ने अपनी 41.33 प्रतिशत हिस्सेदारी अपोलो माइक्रो सिस्टम्स को बेचने का समझौता किया है।

ईमको एलेकोन (इंडिया) भी पहली तिमाही के मुनाफे में तेज गिरावट के बाद 1.72 प्रतिशत फिसल गया।

सेक्टोरल प्रदर्शन की बात करें तो निफ्टी एफएमसीजी को छोड़कर एनएसई के सभी सेक्टोरल सूचकांक बढ़त के साथ बंद हुए।

वैश्विक संकेतों से मिला समर्थन

अमेरिका और ईरान के बीच कूटनीतिक संपर्क जारी रहने के संकेतों से पश्चिम एशिया में तनाव बढ़ने की आशंकाएं कम हुईं, जिसका सकारात्मक असर वैश्विक बाजारों पर भी दिखा। यूरोपीय और अधिकांश एशियाई बाजार बढ़त के साथ बंद हुए, जबकि अमेरिकी वायदा बाजारों में भी मजबूती का रुख रहा।

कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) से जुड़े निवेश और बेहतर कॉर्पोरेट नतीजों की उम्मीद ने वैश्विक निवेशकों का उत्साह बनाए रखा।

जिंस एवं मुद्रा बाजार

ब्रेंट क्रूड 0.13 प्रतिशत की गिरावट के साथ 76.20 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार करता दिखा। रुपया मजबूत होकर 95.32 प्रति डॉलर पर पहुंच गया, जबकि पिछले सत्र में यह 95.47 पर बंद हुआ था।

भारत के 10 वर्षीय सरकारी बॉन्ड की प्रतिफल दर घटकर 6.711 प्रतिशत रही। वहीं एमसीएक्स पर अगस्त डिलीवरी वाला सोना वायदा 0.74 प्रतिशत गिरकर 1,44,222 रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ गया।

आईपीओ पर निवेशकों की नजर

कुसुमगर लिमिटेड के आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) को अंतिम दिन जबरदस्त निवेशक प्रतिक्रिया मिली और यह 128.67 गुना सब्सक्राइब हुआ।

वहीं लेजर पावर एंड इंफ्रा का आईपीओ शुक्रवार शाम तक 0.98 गुना सब्सक्राइब हुआ। इस निर्गम के लिए बोली 13 जुलाई तक खुली रहेगी।